Search
Saturday 23 February 2019
  • :
  • :

तेजस्वी के बाद अब शिवसेना आयी समर्थन में, कहा- कन्हैया अच्छे वक्ता

बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के बाद अब शिवसेना जेएनयू के पूर्व अध्यक्ष व बिहार स्थित बेगूसराय निवासी कन्हैया कुमार के पक्ष में आ गयी है. इसे लेकर शिवसेना ने भी बीजेपी पर जमकर भड़ास निकाली. शिवसेना ने अपनी मुख पत्रिका सामना में कहा कि कन्हैया कुमार अच्छे वक्ता हैं. वह बागी और बेरोजगार युवाओं का प्रतिनिधित्व करते हैं. लेकिन पत्रिका ने यह भी कहा है कि कन्हैया कितना भी अच्छा हो लेकिन वह अफजल गुरु की प्रशंसा करते हुए या कश्मीर की आजादी के नारे नहीं लगा सकते.

शिवसेना ने पत्रिका के माध्यम से बीजेपी पर भी करारा प्रहार किया है. संपादकीय में उसने पूछा है कि इसके बाद भी बीजेपी को कन्हैया कुमार की निंदा करने का क्या नैतिक अधिकार है? इसी में जवाब भी दिया गया है कि जम्मू-कश्मीर में पीडीपी से हाथ मिलाने के बाद भाजपा को छात्र नेता कन्हैया कुमार की आलोचना करने का नैतिक अधिकार नहीं है.

शिवसेना ने भाजपा को नसीहत भी दी कि उसे जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार के खिलाफ राजद्रोह मामले का राजनीतिक लाभ नहीं उठाना चाहिए. पार्टी ने कहा कि भाजपा ने पीपल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की प्रमुख महबूबा मुफ्ती से हाथ मिलाकर पाप किया है, क्योंकि महबूबा मुफ्ती संसद पर हमले के दोषी अफजल गुरू को शहीद मानती हैं. भाजपा ने जम्मू-कश्मीर में पीडीपी के साथ मिलकर सरकार बनाई थी, लेकिन पिछले साल स्वयं को गठबंधन से अलग कर लिया.

गौरतलब है किे इसी सप्ताह दिल्ली पुलिस ने कन्हैया कुमार एवं अन्य के खिलाफ पटियाला हाउस कोर्ट में चार्जशीट दायर की है, जिसके बाद से बिहार में भी सियासत तेज है. इसे लेकर बीजेपी लगातार महागठबंधन के नेताओं पर हमला कर रहे हैं. वहीं नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी कहा है कि बीजेपी के खिलाफ लड़ाई लड़ने वालों को शुरू से साजिश की जा रही है. कन्हैया को भी इसी की सजा मिल रही है.




AD